
चीन की “विशेष कार्ययोजना”, यूक्रेन-रूस युद्धविराम वार्ता में प्रगति, जर्मनी से मिले सकारात्मक संकेत और कमज़ोर अमेरिकी डेटा के बीच Fed के सख़्त रुख की उम्मीदों में कमी से प्रमुख केंद्रीय बैंक सप्ताह की शुरुआत आशावाद के साथ हुई। हालांकि, चीन के मिले-जुले डेटा, अमेरिका में मंदी की नई चिंताओं, आज के अमेरिकी खुदरा बिक्री डेटा से पहले सतर्कता और इस सप्ताह प्रमुख केंद्रीय बैंकों के फ़ैसलों से सोमवार की शुरुआत में सकारात्मक माहौल कुछ ठंडा पड़ा।
महंगाई को लेकर मिले-जुले संकेतों, कारोबारियों और उपभोक्ताओं के कमज़ोर सेंटीमेंट तथा विकास को लेकर चिंताओं के चलते US Dollar Index (DXY) में लगातार दूसरे सप्ताह गिरावट आई। अमेरिकी ट्रेज़री सचिव बेसेंट की टिप्पणियों ने इन चिंताओं को और बल दिया, जिससे ग्रीनबैक पर दबाव बना रहा।
कमज़ोर अमेरिकी डॉलर के चलते प्रमुख करेंसी, ऑस्ट्रेलियाई और न्यूज़ीलैंड डॉलर और कमोडिटी सप्ताह को बढ़त के साथ बंद करने में कामयाब रहे, हालांकि बाद में गति धीमी पड़ गई। सोना सुर्खियों में रहा और उछलकर $3,000 के करीब रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गया। EURUSD और GBPUSD कई महीनों के उच्च स्तर पर पहुंचे, जबकि USDJPY ने रुझान के विपरीत चाल चलते हुए पांच महीने के निचले स्तर से वापसी की। इस बीच, ऑस्ट्रेलियाई और न्यूज़ीलैंड डॉलर में मामूली बढ़त बनी रही। कच्चे तेल ने पिछले सप्ताह की रिकवरी गंवा दी, जबकि क्रिप्टोकरेंसी पर दबाव बना रहा। लगातार चौथे सप्ताह नुकसान के बावजूद, प्रमुख अमेरिकी शेयर सकारात्मक बढ़त के साथ बंद हुए।
जर्मनी के कर्ज़ समझौते को लेकर आशावाद और CFTC के आँकड़ों के अनुसार, EUR में उम्मीद से ज़्यादा तेज़ी वाली नेट सट्टा पोज़िशन EURUSD को 2024 के अंत के बाद के सबसे ऊँचे स्तर के करीब सहारा दे रही है। हालाँकि, ट्रेडर्स अमेरिकी रिटेल सेल्स का इंतज़ार कर रहे हैं और ECB के नीति-निर्माता आर्थिक अनिश्चितता पर ज़ोर दे रहे हैं, जिससे ऊपर की ओर गति धीमी पड़ रही है। इसके बावजूद, Fed के ब्याज दरों में कटौती के बाद नरम रुख़ अपनाने की बढ़ती उम्मीदें इस पेयर की तेज़ी की धारणा को मज़बूत कर रही हैं।
पिछले लगातार दो दिनों की गिरावट के बाद GBPUSD चार महीने के उच्च स्तर के करीब दबाव में बना हुआ है। शुक्रवार को UK के कमजोर औद्योगिक और विनिर्माण डेटा के साथ-साथ निराशाजनक GDP आंकड़ों ने बाज़ार की धारणा पर असर डाला। Bank of England (BoE) के नरम रुख के संकेतों से पाउंड पर दबाव और बढ़ा, जबकि पिछले सप्ताह कुल मिलाकर इसमें बढ़त रही थी।
इस बीच, अक्टूबर के बाद के अपने सबसे निचले स्तर से उबरने के बाद USDJPY में मजबूती बनी हुई है। जापान के संभावित हस्तक्षेप को लेकर अटकलों, बाज़ार की सतर्क आशावादिता और जापान पर अमेरिकी टैरिफ़ की चिंताओं से इसे समर्थन मिला।
ऑस्ट्रेलियाई, न्यूज़ीलैंड और कनाडाई डॉलर में मिला-जुला कारोबार हो रहा है। ये अमेरिकी डॉलर के मुकाबले पिछले सप्ताह की बढ़त को कायम रखने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। अमेरिका-कनाडा के बीच व्यापारिक तनाव और कच्चे तेल की कमजोर कीमतों के कारण USDCAD पर सबसे ज़्यादा दबाव है।
Queensland और NSW में चक्रवात के बाद ऑस्ट्रेलिया के कोषाध्यक्ष ने महंगाई और रोज़गार से जुड़े जोखिमों की चेतावनी दी, जिसके बाद AUDUSD के खरीदार सतर्क हो गए। इस बीच, अर्थशास्त्रियों के सर्वेक्षण में New Zealand Institute of Economic Research (NZIER) ने विकास के अनुमानों में कटौती की और न्यूज़ीलैंड का फरवरी का सर्विसेज़ PMI फिर से संकुचन के दायरे में आ गया (49.1, पहले 50.4)। इसके बावजूद NZDUSD में हल्की बढ़त आई।
हालांकि, US Dollar की वापसी को लेकर संदेह और चीन से जुड़ी सकारात्मक उम्मीदें ऑस्ट्रेलियाई और न्यूज़ीलैंड डॉलर के साथ-साथ कमोडिटी को भी समर्थन दे रही हैं।



शुक्रवार को प्रमुख ट्रेंडलाइन रेज़िस्टेंस पर बना “ग्रेवस्टोन डोजी” कैंडलस्टिक, बड़े घटनाक्रमों वाले सप्ताह से पहले सतर्कता का संकेत दे रहा है। इसके बावजूद, सोना अपने सर्वकालिक उच्च स्तर के करीब स्थिर है। अमेरिका की आर्थिक चिंताएं और वैश्विक व्यापार व राजनीतिक अनिश्चितता XAUUSD के खरीदारों को आशावादी बनाए हुए हैं।
इस बीच, सात हफ्तों की लगातार गिरावट का सिलसिला टूटने के बावजूद कच्चे तेल में कमजोरी बनी हुई है। अमेरिकी जहाज पर हमले के बाद ट्रंप की हूतियों और ईरान को दी गई चेतावनी के बीच, 2025 में बाजार में जरूरत से ज्यादा आपूर्ति की आशंकाएं बढ़ रही हैं। इससे तेल की सुधारात्मक तेजी सीमित हो रही है।
Trump की व्यापार युद्ध नीति को लेकर बढ़ती चिंताएँ उनकी क्रिप्टोकरेंसी समर्थक सोच पर भारी पड़ रही हैं। हाल की सुधारात्मक उछाल के बावजूद, इससे Bitcoin (BTCUSD) और Ethereum (ETHUSD) पर दबाव है। गिरावट के दबाव को बढ़ाते हुए, US SEC द्वारा कई स्पॉट altcoin ETF पर फ़ैसले में देरी, संस्थागत दिलचस्पी में कमी और ETF से लगातार हो रहे आउटफ़्लो भी क्रिप्टो खरीदारों के लिए चुनौती बने हुए हैं।
आगे एक अहम सप्ताह है। Fed, BoJ, BoE और SNB समेत प्रमुख केंद्रीय बैंक अपनी मौद्रिक नीति के फैसलों की घोषणा करेंगे, जिससे बाज़ारों में हलचल हो सकती है। सोमवार को अमेरिकी खुदरा बिक्री और गुरुवार को ब्रिटेन के रोज़गार आंकड़ों जैसी अहम आर्थिक रिपोर्टों के साथ-साथ यूक्रेन, ईरान और Trump के टैरिफ़ पर भू-राजनीतिक ख़बरें भी बाज़ार की अस्थिरता बढ़ा सकती हैं।
Fed द्वारा ब्याज दरें स्थिर रखने की उम्मीदों के बावजूद, हाल के कमज़ोर आर्थिक आंकड़ों के कारण अमेरिकी डॉलर कमज़ोर बना रह सकता है। इससे सोना संभावित रूप से नए सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच सकता है। इस बीच, अगर जर्मनी बाज़ार की उम्मीदों पर खरा नहीं उतरता और ECB अधिकारी सतर्क बने रहते हैं, तो EURUSD पर दबाव पड़ सकता है।
अन्य प्रमुख करेंसी और ऑस्ट्रेलियाई व न्यूज़ीलैंड डॉलर में कुछ उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। लेकिन, जब तक फ़ेड चेयर Powell कोई चौंकाने वाला ऐलान नहीं करते, तब तक बड़ी गिरावट की संभावना कम दिखती है। फिलहाल ऐसे ऐलान की उम्मीद भी कम है।
आपकी ट्रेडिंग किस्मत आपका साथ दे!