
मंगलवार की शुरुआत में फ़ॉरेक्स बाज़ार के ट्रेडर मिले-जुले संकेतों के बीच उलझे रहे। भू-राजनीतिक आशंकाओं और आर्थिक आंकड़ों से पहले की बेचैनी के साथ आर्थिक आशावाद और प्रमुख केंद्रीय बैंकों से ब्याज दरें कम होने की उम्मीदें भी बनी हुई हैं।
इन घटनाक्रमों के बीच, US Dollar Index (DXY) 103.50-55 के आसपास अस्थिर बना हुआ है, जबकि अमेरिकी 10-वर्षीय और 30-वर्षीय Treasury बॉन्ड यील्ड दो सप्ताह के निचले स्तर पर आ गई हैं। इसके अलावा, Wall Street के प्रमुख इंडेक्स बढ़त के साथ बंद हुए, लेकिन Asia-Pacific के शेयरों में मामूली गिरावट आई।
हालाँकि, ध्यान देने वाली बात है कि अमेरिकी डॉलर की गिरावट से EURUSD और GBPUSD को बढ़त नहीं मिली, जबकि USDJPY ने एक दिन पहले विक्रेताओं को आकर्षित करने के बाद अब भी उन्हें बनाए रखा है। वहीं, चीन से मिले मिले-जुले संकेतों और घरेलू स्तर पर कमजोर कारकों के बीच AUDUSD और NZDUSD निचले स्तरों पर बने हुए हैं। दूसरी ओर, कच्चे तेल में हाल की बढ़त कम होने के बावजूद USDCAD में लगातार चौथे दिन गिरावट दर्ज हुई।
इसके अलावा, दो दिनों की रिकवरी के दौरान गोल्ड प्राइस को ऊपर की ओर बढ़ने की अहम रुकावट से जूझना पड़ रहा है। वहीं, मध्य पूर्व के तनावों का फिर से आकलन कर रहे बाज़ार प्रतिभागियों के बीच ऑयल लगातार दूसरे दिन गिरा।
दूसरी ओर, क्रिप्टो मार्केट में नए आशावाद के बीच BTCUSD और ETHUSD ने साप्ताहिक उच्च स्तर छुए। इसकी वजह एक्सचेंजों पर Bitcoin और Ethereum की सप्लाई में तेज़ गिरावट है।
प्रमुख एसेट्स में हालिया उतार-चढ़ाव इस प्रकार हैं:



यील्ड में गिरावट और बेहतर होते बाज़ार के सेंटिमेंट के बीच अमेरिकी डॉलर ने अहम सप्ताह की शुरुआत कमज़ोरी के साथ की। अमेरिकी राष्ट्रपति Joe Biden के मध्य पूर्व में सैन्य कार्रवाई को मंज़ूरी देने की चर्चाओं से बाज़ार में डर फैला और अमेरिकी डॉलर को सहारा मिला। हालांकि, यील्ड में गिरावट और चीन से आई जोखिम लेने के पक्ष में खबरों ने सोने के खरीदारों को हालिया नुकसान की कुछ भरपाई करने में मदद की। मज़बूत शेयर बाज़ार और इस सप्ताह के FOMC तथा अमेरिकी NFP की तैयारी कर रहे ट्रेडर्स के बीच यह रुझान और स्पष्ट रहा।
सोमवार को अमेरिकी ट्रेज़री बॉन्ड यील्ड में गिरावट आई। इससे पहले, ट्रेज़री विभाग ने इस तिमाही में $760 बिलियन उधार लेने की योजना का ऐलान किया था, जो अक्टूबर में लगाए गए $816 बिलियन के अनुमान से कम है। इस खबर से अमेरिकी आर्थिक विकास और टैक्स रसीदों को लेकर बाज़ार का भरोसा बढ़ा, जिससे अमेरिकी डॉलर की सुरक्षित-ठिकाने के रूप में मांग पर दबाव पड़ा।
इसके अलावा, Wall Street Journal (WSJ) के अनुसार, 2023 की चौथी तिमाही (Q4) में चीन के 38 शहरों में औसत वेतन सालाना आधार पर 1.3% गिर गया। सकारात्मक बात यह है कि पूर्वी चीन के Jiangsu प्रांत के सबसे अधिक आबादी वाले शहर Suzhou ने घर खरीदने से जुड़ी सभी पाबंदियां हटा दीं और हालिया भारी गिरावट के बाद चीनी शेयर बाज़ार के ट्रेडर्स का बचाव करने की कोशिश की।
ध्यान देने वाली बात है कि बैंक ऑफ़ फ़्रांस के गवर्नर और यूरोपीय सेंट्रल बैंक (ECB) की गवर्निंग काउंसिल के सदस्य François Villeroy de Galhau ने सप्ताहांत में अपने भाषण में कहा कि वे इस साल दरों में कटौती करेंगे। हालांकि, नीति-निर्माता ने इसकी सटीक तारीख बताने से परहेज़ किया और कहा, “हमारी अगली बैठकों में सभी विकल्प खुले रहेंगे।”
इसी क्रम में, ECB के उपाध्यक्ष Luis de Guindos ने भी महंगाई में गिरावट के जोखिम का ज़िक्र किया और यूरोपीय ब्लॉक के केंद्रीय बैंक के लिए नरम रुख का समर्थन किया। इससे अमेरिकी डॉलर की कमजोरी के बावजूद यूरो के बुल्स पर दबाव पड़ा।
सोमवार को British Retail Consortium (BRC) के दुकान की कीमतों में महंगाई संबंधी आंकड़ों ने मई 2022 के बाद का सबसे कम स्तर दिखाया। जनवरी में यह आंकड़ा साल-दर-साल (YoY) घटकर 2.9% रहा, जबकि दिसंबर में 4.3% था। इससे Bank of England (BoE) द्वारा दरों में कटौती की मांग तेज़ हुई और GBPUSD के buyers पर दबाव पड़ा, जबकि US Dollar पिछली बढ़त को बनाए रखने के लिए संघर्ष कर रहा है।
दूसरी ओर, ऑस्ट्रेलिया की दिसंबर की रिटेल सेल्स में गिरावट आई। महीने-दर-महीने (MoM) आंकड़ा -2.7% रहा, जबकि अनुमान -0.9% और पिछला आंकड़ा +2.0% था। चीन को लेकर मिली-जुली चिंताओं और बाजार के सतर्क रुख के साथ, इस गिरावट ने हाल के दिनों में AUDUSD की चाल को सीमित रखा है।
ध्यान देने वाली बात है कि जापान के प्रधानमंत्री फ़ुमियो किशिदा ने संसद में कहा कि वे घरेलू आय बढ़ाने के लिए “हर संभव प्रयास” करेंगे। इस बयान से महंगाई को लेकर चिंताएं और Bank of Japan (BoJ) की बेहद नरम नीति के जल्द ख़त्म होने की आशंका भी बढ़ी। इससे जापानी येन (JPY) को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले मज़बूती मिली, ख़ासकर गिरती यील्ड के बीच।
जर्मनी और यूरोज़ोन के Q4 GDP के शुरुआती आंकड़े हों या अमेरिका का CB Consumer Confidence, साथ ही अमेरिकी हाउसिंग आंकड़े और JOLTS Job Openings—इस सप्ताह कैलेंडर में नज़र रखने के लिए कई अहम ट्रिगर हैं। इनसे मोमेंटम बना रहने की संभावना है और ट्रेडर्स की खरीदारी जारी रह सकती है। ये इस सप्ताह के प्रमुख ट्रिगर्स—Fed Meeting और US NFP—की दिशा तय करने में भी मदद कर सकते हैं। ध्यान देने वाली बात है कि अमेरिका से आने वाला हर सकारात्मक आंकड़ा, साथ ही यूरोज़ोन और जर्मनी की कमजोर GDP ग्रोथ, Fed को लेकर हॉकिश रुख़ को मज़बूत करेगी और US Dollar को फिर से खरीदारों की नज़र में ला सकती है।
आपकी ट्रेडिंग किस्मत आपका साथ दे!